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वो कहने लगीं- आह … केशव आज मेरी प्यास बुझा दे … मैं बहुत प्यासी हूँ.दूसरे दिन जब जिम में नेहा उन कपड़ों को पहनकर आयी, तो लड़के उसको देखते ही रह गए.

भाभी भी मस्ती में अपने चूतड़ों को उछाल कर मेरा पूरा लंड अपनी चूत में ले रही थी … साथ ही अपने मुँह से अम्म अम्म की आवाजें भी निकाल रही थी. हिंदी देसी मूवी बीएफ उसने फोन पर अपने दोस्त से बात की, दोस्त ने हामी भर दी और वो बोला कि आ जा … मैं कुछ देर में वैसे भी जाने वाला हूँ.

अपनी नाकाम चूत स्टोरी से मैं मायूस हो गई और हम दोनों वहां से निकल आए.

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अब हम दोनों ने आंखें बंद कर लीं और मैंने हाथ बढ़ा कर उसकी ब्रा और पेंटी को उतार दिया. वर्षा ने मुझे पानी लाकर दिया और थोड़ी देर हम घर के हॉल में बैठे रहे. [emailprotected]टीचर की अन्तर्वासना की कहानी का अगला भाग :टीचर की अन्तर्वासना ने मुझे चुदक्कड़ बनाया-2.

मैं सोच रहा था कि अगर कोई दिक्कत होगी तो मैं बाद में कहीं और शिफ्ट कर लूंगा लेकिन फिलहाल सामान रखने के लिए एक रूम की तो मुझे तत्काल आवश्यकता है. मैंने कहा- यार सॉफ्टवेयर वाली सीडी मेरे पास नहीं है … तू बाजार से ला दे, तो मैं इनस्टॉल कर दूंगा. आज भी हम दोनों बातें करते रहते हैं लेकिन अभी तक दोबारा वहां जाकर उसकी चूत की चुदाई का मौका नहीं मिल पाया है.

पर वो हिलने का नाम नहीं ले रहा था और मेरा डर और उत्तेजना बढ़ती ही जा रही थी. तो वह समझ गयी और कहने लगी- यह सब नहीं!लेकिन मैंने फिर से ज़िद की और वह मान गयी।मैंने फिर से उसको किस करना शुरू किया, इस बार दोनों ही मूड में आ गए। मैंने किस करते हुए एक हाथ उसके दूध पर रख दिया और बुर्के के ऊपर से ही सहलाने लगा.

अक्सर हम दोनों भाई बहन और माँ भी उसकी दुकान पर बहुत कुछ सामान लाने के लिए जाते ही रहते थे.

एक तरफ चाचा जी कार्ड बांटने जा रहे थे तो दूसरी तरफ मैं बाकी की रिश्तेदारियों में कार्ड बंटवाने जा रहा था.

भाभी के तने हुए चूचों को दबाते हुए मैंने उनको फिर से मुंह में लिया और जोर से चूसने लगा. वे बोलीं- हां हां आप मेरे बेस्ट फ्रेंड हो … मैं आपकी किसी बात का बुरा नहीं मानूँगी. मामी पागल सी हो उठी, बोली- आह्ह … डाल भी दो अब… कितना तड़पाओगे!मामी की हालत देख कर मैंने सोचा कि अब मामी की चुदाई कर ही दूँ.

दो मिनट बाद ही मुझे उसमें आस दिखने लगी कि हो सकता है कि इसका लंड मुझे मेरी गांड में मिल जाए. वो तेजी से मेरे लंड को सहलाने लगी और मेरा लंड फिर से एकदम टाइट हो गया. तभी अचानक किसी ने मेरी चादर में हाथ डालकर सीधा मेरे लंड को पकड़ लिया.

दोनों एक दूसरे से ऐसे चिपके हुए थे जैसे ये उनका पहला और आखिरी मिलन हो.

फिर उसने मुझे आंख मारते हुए दूसरे हाथ की उंगली को अपनी चुत में डाल लिया. मैं नहीं कर पाऊंगा … यदि फिस्स हो गया, तो सब हंसेंगे … आप रहने दें. एक तो मामी की आवाज बहुत मधुर थी और दूसरी तरफ वो मीठी मीठी बातें करके जैसे मुझे उत्तेजित करना चाह रही थी.

अंदर बाथरूम में जाकर मैंने लंड निकाल लिया और जोर से उसको हिलाने लगा. मैंने पूछा- क्या हुआ जानू … अब कैसी शर्म? अब तो सब कुछ मेरा है ना!उसने हंस कर हाथ हटा दिया. घर पर हमें डर लगता था और मुझे तो बहुत डर लगता था कि अगर मेरी मम्मी देख लेगी तो क्या होगा.

मैं उसके लंड को मजे से सहला रही थी और मेरे चूचों को पीने में लगा हुआ था.

वो चुत में उंगली से तेजी से अन्दर बाहर करते हुए आंखें बंद किए हुई थी. फिर वो बोली- फिर कभी करेंगे ये सब! अभी सो जाओ, मेरी भाभी उठने वाली ही होगी.

हिंदी देसी मूवी बीएफ मैंने अपना अंडरवियर उतार कर एक तरफ फेंक दिया और उसकी गीली बुर पर अपना चिकना हो चुका लौड़ा लगा कर उसकी बुर में धक्का दे दिया. गांव में ये सब नहीं चलता था और दूसरी जाति में शादी भी नहीं होती थी.

हिंदी देसी मूवी बीएफ दिन में समय मिला, तो मैं सो गई और शाम को उठी, तो सुरेश की आने की बात लेकर दोनों के लिए खाना बनाना शुरू कर दिया. तब तक अंकल ने मुझसे बात करनी शुरू की और मेरी पढ़ाई के बारे में और मेरे परिवार के बारे में भी पूछा.

एक तो रीता मेरे लंड को चूसने में लगी थी … और अब ये दूसरी मुझसे अपने चूचे चुसवाने लगी.

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” मुझे अपनी बांहों में दबोचते हुए उसने मेरे गाल पर जोर से किस किया. उसके बाद उसने मुझे उठाया और मेरे जिस्म से पहले कुर्ती को अलग किया, उसके बाद सलवार को … अब मैं ब्रा और पैंटी में थी. दीदी न्यूज रिपोर्टर का काम करती हैं और बहुत खुले विचारों की लड़की हैं.

लेकिन वो सिर्फ ऊपर से ही करने देती थीं … मतलब दूध दबवाने तक ही सीमित थीं, नीचे चूत में कुछ करने नहीं देती थीं. मेरा मन तो कर रहा था कि पीछे से साड़ी उठाकर अपना लंड उसकी चिकनी चूत में पेल दूँ. उसके बड़े लंड को इतनी गहराई मैं लेते हुए मुझे अजीब तरह की उत्तेजना महसूस हो रही थी.

और तो और मैं लिप-किस करते हुए उसके गाल पे … गाल से ठोड़ी पे और ठोड़ी से बूब्स पे आ गया.

और फिर मैंने क्या देखा कि भाभी अपनी चूत में …आपने अब तक मेरी इस देसी हिंदी सेक्स स्टोरी के पहले भागपड़ोसन भाभी को मदमस्त चोदा-1में पढ़ा कि मेरी पड़ोसन रेनू भाभी को मैं अपनी गोद में उठा कर उनके बेड तक ले गया था. कंडोम चिकना होने के बावजूद भी उस पर तेल लगा लिया और उसकी गांड में सुपारा को धीरे धीरे से धक्के देने लगा. आपको भी नींद नहीं आ रही है क्या?वो बोली- हां भान्जे, मैं भी ऐेसे ही तनहा लेटी हुई हूं.

घर आ कर मेरा मन बिल्कुल भी शांत नहीं था क्योंकि मैंने उनके जिस्म का वो हिस्सा देख लिया था, जो नहीं देखना चाहिए था. उस दिन मैं ऐसे ही घर पर टाइम पास कर रहा था कि मेरी चाची आयी और कहने लगी कि दीपू जरा अपने मामा के यहां फोन लगा दे. माशूकी की कच्ची उम्र के बाद जब हम बड़े हो जाते हैं, तो बड़ी मुश्किल आती है.

वो कमरे में ले जाते ही मुझे जानवरों की तरह नोंचने लगा, मेरे होंठों को काटने लगा. वो नीचे को आ कर मेरे लंड को चड्डी के ऊपर से अपने मुँह में लेने लगी.

आशा करता हूं कि आप लोगों को मेरे साथ हुई ये कजिन सेक्स कहानी पढ़ने में मजा आयेगा. फिर मैंने धीरे से उसके बूब्स पर हाथ रखा और दबाने लगा, फिर भी वो कुछ नहीं बोल रही थी. उसके बाद मौका देख कर मैंने उसकी चूत के छेद पर लंड का सुपारा रखा और एक धक्का दे दिया.

जैसे अपने मालिक के स्वर में स्वर मिला रहा हो कि एक बार और … एक बार और.

अब आगे:मैंने भाभी से कहा- मतलब आपको न शादी से पहले लंड का सुख मिला और न शादी के बाद अपने पति से लंड का सुख मिला. रात हुई तो उर्वशी को अकेलापन सताने लगा और वो सोच रही थी कि वो मिहिर से बात करे या ना करे? अपने पति के अलावा पहली बार वो किसी ग़ैर मर्द के बारे में सोच रही थी. मैंने मामी की गांड पर लंड को सटाते हुए कहा- मेरा बेलन भी तैयार है मेरी रानी.

मेरी चुदाई हिंदी स्टोरी में पढ़ें कि कैसे मुझे मेरी गर्लफ्रेंड ने दगा दिया. भाभी निढाल होकर नीचे और मैं भाभी के ऊपर।थोड़ी देर बाद हम उठे और भाभी ने मुझे किस करके बोला कि आज मैंने उन्हें सबसे बड़ी खुशी दी है उनके जीवन की।उस रात हमने 3 बार सेक्स किया.

एक दिन वो काम करते हुए टेबल से गिर गईं, उनकी हाथ में अंदरूनी चोट लग गयी. जब जॉयश ने मंगल का सिर एकता की चूत पर रखा तो वह तो जैसे पागल ही हो गई. मैं किस के साथ साथ उसके बूब्स, कमर, पीठ, गांड पर अपने हाथ भी चला रहा था.

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मैं- क्या परेशानी है … पूरी बात बताओ?वो- मैं ज़्यादा देर टिक नहीं पाता, मेरी बीवी मुझसे खुश नहीं रहती है.

मैंने पूछा- और तुम क्या कर रही हो?वो बोली- मैं अपना मज़ा ले रही हूँ. विभोर मेरी चूची को चूसने लगा और मेरी चूची को दबाने लगा और साथ में वो गाल को कभी कभी अपने दांतों से काट रहा था. मौसी ने मेरे हाथ में एक लाख का पैकेट थमा दिया और कहा- अब तुम्हारी बीवी हमारी रंडी है.

आगे इस सेक्स कहानी में मैं आपको सुरेश की मस्ती और सेक्स को लेकर आगे लिखूँगी. सुनील के घर से सामने जाकर मैंने दरवाजा खटखटाया, तो दरवाजा अपने आप ही खुल गया. भोजपुरी बीएफ चुदाई चुदाईएक तरफ चाचा जी कार्ड बांटने जा रहे थे तो दूसरी तरफ मैं बाकी की रिश्तेदारियों में कार्ड बंटवाने जा रहा था.

दीदी के सामने लंड को हिलाते हुए वो दीदी के मुंह पर लंड को पटक रहा था. थोड़ी देर और चूसने के बाद सुरेश बोला- बस हो गया, तुम तो ऐसे चूस रही हो कि अभी ही मुझे झाड़ दोगी.

तभी रीता ने मेरी कमीज खोल दी और मेरे सीने की घुंडियों को अपनी जीभ से चाटने लगी. फिर मैंने पूछा- कहाँ गयी थी?तो बोली- भैया के दरवाजे पर देखने कि वो जाग रहे हैं या सो चुके हैं. सेक्स तक तो बात सही थी, पर बच्चे पैदा करने के लिए पैसे लेना सही नहीं लग रहा था.

पहली बार मैंने भाभी को एक हवस भरी चुदाई करने की नजर से देखा था उस दिन. मैं एक 35 वर्षीय पुरुष हूँ लेकिन फीमेल क्रॉस ड्रेसर हूँ मुझे लड़कियों के सभी कपड़े पहना पसंद हैं. उसके चूचों को देख कर लग रहा था कि उसको ब्रा पहनने की भी जरूरत नहीं है.

तो मैंने डर की वजह से जल्दी से अपने आप को छुड़ाया और दरवाजा खोलकर किसी तरह से वहाँ से निकल भागा।दोस्तो यह मेरी सच्ची कहानी है।फिर उस दिन के बाद मैं काफी उसके बारे में सोचता क्योंकि सुशी एक पीढ़ी लिखी और काफी सेक्सी लड़की है, उसने एम ए की पढ़ाई की है, उसके बूब्स लगभग 36″ के होंगे और मेरे दोस्त की बहन दिखने में भी बहुत सुंदर है.

उसके बाद मेरे दोस्त ने मेरी रण्डी मॉम की गांड नदी किनारे कैसे मारी? पढ़ें इस सेक्सी कहानी में!अब तक की मेरी रंडी मॉम की गांड और चूत चुदाई की कहानी के पहले भागमेरी चालू मॉम की चुदाई-1में आपने पढ़ा था कि मैं अपनी चालू मॉम की चुदाई करना चाहता था. कुछ देर लंड अन्दर ही रहा, फिर उन्होंने ऊपर नीचे करना जैसे ही शुरू किया, मुझे लगा कि मैं झड़ रहा हूँ.

उसने जी भर कर मेरे स्तनों को चूसा, दूध पिया, जहां जहां मर्ज़ी हुई मुझे चूमा और धीरे धीरे मुझे जमीन पर गिराते हुए लिटा दिया. उसने ये सब इतनी तेजी में किया कि मेरे झड़ने के क्रम में अधिक बाधा नहीं आई. फिर तो मैं मौका मिलते ही चाची की साड़ी को ऊपर उठा कर चाची की चुत में उंगली कर देता था.

एकदम से मैंने उसे छोड़ा और एक ही झटके में उसके गाउन और चड्डी को भी निकाल फेंका. दस मिनट तक चुत की चुसाई करने के बाद मैंने बुआ के चूचों को जम कर चूसा. मैंने सोचा कि अगर आशिमा के घर में नहीं तो होटल में चुदाई तो हो ही सकती है.

हिंदी देसी मूवी बीएफ मैंने थोड़ा थूक लगाया, लेकिन माँ की गांड मेरे लंड को एन्ट्री ही नहीं दे रही थी. मोनिषा आंटी की चीख निकल उठी ‘उम्म्ह … अहह … हय … ओह …’उन दोनों की इतनी उत्तेजना देख मेरा लंड भी खड़ा हो गया.

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उसने अपना पूरा लंड दीदी की चुत में घुसेड़ दिया था और अब वो फौजिया दीदी की चूचियों का मलीदा बनाने में लगा था. कुछ पल बाद उसकी मरी सी आवाज निकली- उम्म्ह … अहह … हय … ओह … समीर … मैं मर रही हूँ … प्लीज़ रुक जाओ. मेरा लंड अंडरवियर और जींस दोनों फाड़कर ज्योति की चूत में घुसने की ताबड़तोड़ कोशिश कर रहा था.

मैं भी उनके जिस्म की गर्मी में आंखें सेंकने के लिए हाजिर हो जाता था. फिर मामी बोली- वैसे इतनी रात को मुझ बुढ़िया को याद किसलिए कर रहे थे तुम?मैंने कहा- अरे मामी, अमरूद जितना पका हुआ हो उसका मिठास उतना ही ज्यादा होता है. सेक्सी एक्स एक्स एक्स वीडियो बीएफमैंने उसकी चड्डी को नीचे खिसकाना चाहा, तो उसके खुद ही चड्डी घुटनों तक सरका ली.

कहानी को पढ़कर मेरी नजर चाची के चूचों पर गई तो मेरा लंड खड़ा हो गया.

थोड़ी देर के बार दस्तूर थोड़ी नॉर्मल हुई और नीचे से अपनी गांड उछाल उछाल कर मेरा पूरा लंड खाना चाह रही थी. प्रमिला आंटी मजे ले रही थी और धीरे-धीरे आवाजें निकाल रही थी।अभी भी मैं लंड को प्रमिला आंटी की चुत में धीरे-धीरे डाल रहा था तो आंटी बोल उठी- थोड़ी स्पीड बढ़ाओ ना!मैं मुस्कुराया और जोर जोर से धक्के मारने लगा.

अब मैंने अपना लंड सीधे उनकी गांड में फिट किया और एक ही बार में घुसा दिया. मैंने उसको डॉगी स्टाइल में आने के लिए कहा और वो जल्दी से उठ कर बेड पर मेरे सामने झुक गई. हम दोनों एक दूसरे से चिपक गई और एक दूसरे को बहुत देर तक किस करते रहे.

उसके बाद मैंने दोबारा से उसको अपनी तरफ खींचा और उसके होंठों का रस पीने लगा.

एक तरफ चाचा जी कार्ड बांटने जा रहे थे तो दूसरी तरफ मैं बाकी की रिश्तेदारियों में कार्ड बंटवाने जा रहा था. मैं कभी कभी उसके लाल होंठ भी चूम लिया करता था और कभी कभी उसकी छातियां भी मसल दिया करता था. बुआ हंस दीं और बोलीं- तू पीता भी है?मैंने हंस कर कहा- कभी मौक़ा मिल जाता है, तो मजा कर लेता हूँ.

कोलकाता सेक्सी वीडियो बीएफआपको चुदक्कड़ सेक्सी पंजाबन भाभी की चूत चुदाई कहानी पसंद आई? तो अपने विचार इस कहानी के बारे में जरूर बतायें. मैंने उसकी गांड के छेद को टटोला, तो वो खुद से बोली- सही जगह उंगली लगाई है … मैं तेल की शीशी इसी लिए लाई थी.

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मैंने भी उसे दबाया, तो वो ज़ोर ज़ोर से वो भी मेरे लंड को दबाने लगी. खुशबू रात का खाना बना रही थी, तो मैंने पीछे से जाकर उसे पकड़ लिया उसकी गर्दन पर चूमने लगा. फिर उसने मेरी पैंट की चेन खोल कर लंड को बाहर निकाला और अपने नर्म होंठों में भर लिया.

देवर भाभी की चुदाई की इस हिंदी सेक्स कहानी में पढ़ें कि कैसे मेरी भाभी ने मुझे उत्तेजित करके अपनी वासना शांत की. मैंने उससे पूछा- तुम्हें तो गुंडों ने उठा लिया था?वो बोली- हां लेकिन मुझे बहुत मज़ा आया. मैंने उसकी बालों वाली चूत में लंड को पेलते हुए चूत की चुदाई की स्पीड तेज कर दी.

वो मुझ पर गुस्सा होने लगीं कि किसी और कि निजी सामग्री तुम्हें नहीं देखनी और लेनी चाहिए. वो सिहरने लगी और अपनी गांड उठा कर पूरा अन्दर लेने की कोशिश करने लगी लेकिन मैं पूरा लंड डालता ही नहीं था. पहली नजर में ही दिल से लेकर लौड़े तक को घायल कर गई थी वो गुदाज बदन की मल्लिका.

मैं उनकी टांगों को हवा में उठा कर आंटी की गांड के छेद को अपनी जीभ से चाटने लगा. घर जा कर उसने बताया कि उसको बहुत अच्छा लगा … आपने मुझे पूरी तरह शांत कर दिया.

मैंने बेडरूम का दरवाजा बंद नहीं किया, यूं ही खुले में उनकी चुदाई का मूड बना लिया था.

उनकी सबसे बड़ी बेटी का नाम मेघा है जो मुझसे एक साल बड़ी है और उसकी 6 महीने पहले ही शादी हो चुकी है।मेरी दूसरी कजिन का नाम तन्वी है लेकिन सब उसे तनु कहकर ही बुलाते हैं। तनु की उम्र 22 साल है। वो बहुत ही खूबसूरत है. बीएफ सेक्सी वीडियो सेक्सी बीएफकुछ ही देर में मेरा फोन बजा और उसने मुझे अपनी कार का बताया कि किधर खड़ी है. इंग्लिश में बीएफ हिंदी मेंबुआ ने बोला- नहीं, आज हम एक साथ ही सोएंगे … रात में मुझे कुछ हो गया, तो में क्या करूंगी … तू साथ रहेगा, तो मुझे संभाल तो लेगा. मेरी मम्मी और बहन की वासना की कहानी आपको कैसी लगी? मेल भेजने के लिए मेरी ईमेल आईडी लिख रहा हूँ.

उसका फोन आते ही मैं भी बाइक लेकर निकलने लगा तो पापा पूछने लगे कि कहां जा रहा है.

झड़ने के बाद उनके मुँह पर हल्की सी मुस्कान थी, जैसे वो बोल रही हों कि बहुत दिन बाद चुदाई करके उनको संतुष्टि मिल गयी हो. सबने पूछा भी सही कि वह ड्रेस क्या होगी? और कौन देगा?तो जॉयश ने जवाब दिया- उसकी जिम्मेदारी मेरी है, आप लोग तो अपने फॉर्मल कपड़ों में ही किटी पार्टी में आना. ज्योति बार-बार बोल रही थी कि सॉरी फील मत करना … तुम्हारी तो कोई भी लड़की गर्लफ्रेंड बन जाएगी … बस थोड़ी कोशिश किया करो.

मैं मादक सिस्कारियां ले रही थी और मदहोश होकर उससे चुदवाए जा रही थी. अब मेरे ब्वॉयफ्रेंड ने मुझसे पूछा- अब तो ठीक है?मैंने मुस्कुरा कर हां कर दी. मेरी और विमला की जाति एक थी, बाकी सरस्वती और सुरेश अलग अलग जाति के थे.

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मैं अपने कमरे में आकर टीवी पर फिल्म देखने लगी और कुछ देर बाद रंजन भी अन्दर आ गया. मैंने एक हाथ हॉट आंटी की सलवार के अन्दर डाल कर पैंटी के ऊपर से चूत को छुआ, तो पूरी गीली हो चुकी थी. मैंने सारे बर्तन रसोई में रख कर बुआ को बोला- चलो, मैं आपको आपके कमरे में ले चलता हूँ.

मैंने कहा कि मैं उतर कर देखता हूं कि गाड़ी में क्या खराबी हो गई है.

मैंने अपना एक दारू का अद्धा लिया और पानी और नमकीन अपनी जेबों में भर कर मैं छत पर चला गया.

मैं जब रिसेप्शन पर पहुंची तो वहां मैंने बोला- 123!मुझे वहां बैठी लड़की ने एक पैकेट दिया और रूम की चाबी भी!मैं ऊपर रूम में पहुंची. क्या मज़ेदार समय था यारो … क्या जूस था दस्तूर के होंठों का … आह … वो भी मेरा पूरा साथ दे रही थी. देहाती बीएफ पंजाबीजब उसका दर्द थोड़ा कम हुआ, तो मैंने फिर से लंड को अन्दर बाहर करना शुरू कर दिया.

मैं जब उससे पहली बार मिला था, तो उसे देख कर मेरे मुँह में पानी आ गया था. हमारा स्कूल 4 किलोमीटर हमारे गांव से दूर था और केवल हम चार ही अपने गांव से पढ़ने जाते थे. मगर मुझे नहीं पता था कि वो एक दिन मेरी बहन पर भी हाथ साफ करने की सोचेगा.

मैं पूरी कोशिश कर रहा था कि उसे कहीं छू न जाए … लेकिन उसे हाथ पर छू ही जाता था. उसके कहने के अनुसार मैं उसके बगल लेट गई और अपना स्तन उसके मुँह में दे दिया.

मैं पेट के बल हो गयी थी इसलिए उसने जल्दी से तकिया लिया और मेरे पेट के नीचे रख कर मेरे चूतड़ों को थोड़ा ऊपर उठा दिया.

इधर मेरी वासना की चिंगारी भी अपने शिखर पर आ गई थी और शर्म करने का कोई लाभ नहीं था, तो उससे कहने का मन बना लिया. मतलब तुम तो विंडोज इनस्टॉल करना सीख गयी होगी?ज्योति ने मेरी बात को दरकिनार करते हुए पूछा- तुम्हारी कोई गर्लफ्रेंड है क्या?मैं यही सुनना चाहता था … मैंने भी झटपट जवाब दे दिया- ज्योति, मेरी कोई गर्लफ्रेंड नहीं है. खाना खाकर हम कुर्सी पर बैठ बातें करने लगे और फिर बातें करते हुए 10 बज गए.

इंग्लिश बीएफ 2022 सुनील अक्सर नितिन के साथ बातें करने हमारे घर आता, वह हमारे बेटे संग भी घुल मिल गया था. मैंने पूछा- घर में बाकी लोग भी होंगे ही ना?तो वो बोली- आप आ तो जाओ … बाकी सब समझ जाओगे.

मिहिर ने मेरी बीवी की गर्दन को चूमा और उसके नितम्बों को अपने हाथ में पकड़ कर दबाते हुए उसको बेड की तरफ ले गया. वो देखने में सुन्दर बहुत थी लेकिन मेरा ध्यान कभी उसकी चूत चोदने की तरफ नहीं गया था. लगभग 30 मिनट तक धक्के लगाने के बाद सौम्या एकदम से जंगली हो गई और सिस्याते हुए बोलने लगी- आह राज … तेज़ राज … और तेज़ … मैं आने वाली हूँ.

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वो मेरे से आज बिना किसी देरी के मेरा लंड अपनी चूत में लेना चाहती थी. वे बोले- अस्पताल में जाते ही काम शुरू करते ही थकान भूल जाएंगे, घर बैठे पड़े पड़े क्या करेंगे. मैंने बोला- ठीक है नहीं बोलूँगा, पर उससे मुझे क्या फायदा होगा?वो बोलीं- तू जो बोलेगा, मैं करूंगी, बस तू ये बात किसी से मत बोलना.

तभी उसने एक जोर का धक्का मारा, मैं अभी तक ‘आह … ओह्ह …’ कर ही रही थी. कुछ दिनों बाद कोचिंग का बहाना बनवा कर मैं उसे अपने दोस्त के कमरे पर ले आया जिसमें वह किराये पर रहता था।बाहर 2 दोस्तों को भी बाहर आसपास नज़र रखने के लिए लगा दिया था।कमरे में घुसते ही मैं उस पर भूखे शेर की तरह टूट पड़ा और उसे बेतहाशा चूमने लगा.

मेरे पति जिस दिन मुझे नहीं चोदते हैं, उस दिन मैं अपने मोबाइल में ब्लू देख लेती हूँ और अपनी चूत में उंगली कर लेती हूँ.

मैंने कहा- सब मैं ही करूं क्या?उसने हंसते हुए कहा- यस ये मेरा काम है. इधर उर्वशी को भी मिहिर के होने से एक साथी मिल गया था और उसको मिहिर की मौजूदगी अच्छी लग रही थी. अब मैं पागलों की तरह उसके दोनों मम्मों को चूसने लगा; बीच बीच में हल्का सा काट भी लेता.

मैं- ये किसने बताया आपसे?वो आदमी- मुझे मेरे एक दोस्त से आपका नम्बर मिला था. मेरे दोस्त का नाम अनिरूद्ध है और हम दोनों बचपन से ही काफी अच्छे दोस्त हैं. उसने उठ कर देखा तो वो घबरा कर रोने लगी लेकिन मैंने उसको समझा दिया कि यह पहले सेक्स के बाद निकलने वाला खून है.

उसके बाद उसने मुझे घोड़ी बना दिया और मेरी गांड में उंगली से तेल अंदर करना शुरू कर दिया.

हिंदी देसी मूवी बीएफ: मुझे ये सब बड़े अच्छे से पता था कि कैसे कोई लड़की या औरत को गर्म करके संतुष्ट किया जाता है. हम दोनों रातों में होने वाले सेक्स की बात भी करने लगे और एक दूसरे को मज़े देने लगे.

फिर एक जोर का झटका मार कर अपने लंड को मोनिषा आंटी की गांड में उतार दिया. जॉयश बिंदास खिलखिला कर बोली- क्या हुआ? सबको सांप क्यों सूंघ गया? ऐसा क्या देख लिया? यारो … यही है आज का ‘नो ड्रेस कोड’ हम सब आज कपड़ों से आजाद होकर पार्टी करेंगी और सबके मन की सेक्स फेंटेसी शेयर करेंगी. अब चौकीदार में मुझे मेरी मम्मी का पति मालूम होने लगा, जो उनकी शारीरिक जरूरतों को पूरा कर रहा था.

मेरे लेटते ही साहब ने अपनी कमीज भी निकाल दी और फिर मेरे ऊपर टूट पड़े.

लेकिन जब कोई घर में नहीं रहता था, उस वक़्त मैं उसकी जमकर चुदाई करता था. मैं- कहां है तू … और क्या अभी अकेली है?सरस्वती- मायके में हूँ, भैया भाभी अपने ससुराल गए हैं … इसलिए आज अकेली हूँ. भाभी ने ड्राअर से कंडोम निकाला, उसे मुंह से फाड़ा और मेरे लंड पर चढ़ा दिया.